
West Bengal News: पश्चिम बंगाल में इसी साल विधानसभा चुनाव होने को हैं. इससे पहले राज्य में कई मुद्दों को लेकर सियासी पारा हाई है. जैसे-जैसे बंगाल में चुनावी माहौल गहराता जा रहा है, यहां पर मंदिर-मस्जिद की चर्चा भी तेज हो रही है. पिछले साल दिसंबर में टीएमसी से निलंबित विधायक हुमायू कबीर ने मुर्शीदाबाद जिले के बेलदांगा में बाबरी मस्जिद का शिलान्यास किया था. दावा किया गया कि इस शिलान्यास कार्यक्रम में हजारों की संख्या में लोग पहुंचे थे.
वहीं, इसके कुछ दिनों बाद ही राज्य की सीएम ममता बनर्जी ने खुद दुर्गा आंगन और महाकाल मंदिर का शिलान्यास किया था. इसके बाद अब नादिया जिले के शांतिपुर में राम मंदिर बनाने की योजना चल रही है. बताया जा रहा है कि शांतिपुर में बनने वाला ये मंदिर ‘बंगाली राम’ थीम पर आधारित होगा. कहा जा रहा है कि इस मंदिर में पूजा पाठ नहीं किया जाएगा, बल्कि इसमें पश्चिम बंगाल की संस्कृति और सभ्यता की झलक देखने को मिलेगी. मंदिर बनाने की इस योजना पर काम भी शुरू कर दिया गया है.
मंदिर निर्माण पर क्या जानकारियां आईं सामने?
रिपोर्ट्स के अनुसार, यह प्रस्तावित मंदिर केवल धार्मिक संरचना का नहीं होगा, बल्कि इसमें बंगाल की सांस्कृतिक विरासत की झलक देखने को मिलेगी. कहा जा रहा है कि ये मंदिर कृतिबास ओझा की परंपरा को समर्पित एक महत्वपूर्ण केंद्र होगा. आपको जानना चाहिए कि कृतिबास ओझा वही कवि हैं, जिन्होंने 15वीं शताब्दी में संस्कृत रामाणय का बंगाली अनुवाद भी किया था और श्रीराम पंचाली लिखा था. इसको आज बंगाल के लगभग हर घर में श्रद्धा के साथ पढ़ा जाता है.
कौन कराएगा इस मंदिर का निर्माण?
धार्मिक और कल्याणकारी संस्था श्री कृतिबास राम मंदिर ट्रस्ट बंगाल में बनने वाले इस खास राम मंदिर का निर्माण कराने जा रहा है. बताया गया है कि रविवार को ही ट्रस्ट के सदस्यों ने मंदिर के निर्माण के लिए जमीन नापने का आखिरी सर्वेक्षण को भी पूरा कर लिया है. जमीन के सर्वेक्षण के पूरा होने के बाद माना जा रहा है कि मंदिर निर्माण का औपचारिक काम शुरू हो गया है. रिपोर्ट्स में बताया गया कि ये ट्रस्ट साल 2017 से इस प्रोजेक्ट पर काम कर रहा है.
बीजेपी से निकला मंदिर निर्माण का कनेक्शन
गौरतलब है कि कुछ रिपोर्ट्स में बताया गया है कि इस ट्रस्ट के अध्यक्ष अरिंदम भट्टाचार्य है. वह एक समय पर टीएमसी से विधायक भी रह चुके हैं और वर्तमान में बीजेपी में हैं.उन्होंने कहा कि यह कोई चुनावी परियोजना नहीं है. बीजेपी नेता का कहना है कि शांतिपुर भक्ति आंदोलन की धरती रही है. उन्होंने कहा कि कृतिबास ओझा ने राम को बंगाली विरासत से जोड़ने का काम किया. आगे बताया कि इसी विरासत को आगे बढ़ाने के लिए यहां पर भव्य राम मंदिर का निर्माण किया जाएगा.
मंदिर बनाने में खर्च होंगे 100 करोड़ रुपये
बीजेपी नेता का कहना है कि इस मंदिर का निर्माण 15 बीघा जमीन में किया जाना है. ये जमीन स्थानीय निवासी लितन भट्टाचार्य और पूजा बनर्जी ने दान में दी है. इस परियोजना को करीब 100 करोड़ की लागत से बनाया जाएगा. रिपोर्ट्स बताती हैं कि इस मंदिर परिसर में केवल मंदिर नहीं, बल्कि एक ऐसा केंद्र भी होगा, जहां पर इंजीनियरिंग कॉलेज, शोध केंद्र और मेडिल कॉलेज भी होंगे. बताया जा रहा है कि इस मंदिर का संरक्षक नेपाल के पशुपतिनाथ मंदिर से दुड़े वैदिक विद्वान अर्जुन दासतुला को बनाया गया है.
