
सर्दियों का मौसम आते ही खानपान में बदलाव जरूरी हो जाता है। इस मौसम में शरीर को ज्यादा ऊर्जा, गर्माहट और मजबूत पाचन की जरूरत होती है। भारतीय रसोई में मक्के की रोटी इसी जरूरत को पूरा करने वाला पारंपरिक भोजन है। इसकी तासीर गर्म होती है और पोषण से भरपूर होने के कारण यह ठंड के मौसम में शरीर को मजबूती, इम्युनिटी और संतुलित ऊर्जा देने में अहम भूमिका निभाती है। सर्दियों में जब शारीरिक गतिविधि कम हो जाती है, तब मक्के की रोटी शरीर को आवश्यक ऊर्जा देती है और कमजोरी से बचाती है। यही वजह है कि सदियों से इसे सर्दियों की थाली का अहम हिस्सा माना गया है। जानें इसके अन्य फायदे-
1. शरीर को रखती है गर्म: मक्के की तासीर गर्म होती है, इसलिए सर्दियों में इसका सेवन शरीर को अंदर से गर्म रखता है। ठंड में होने वाली कंपकंपी और सुस्ती को दूर करने में यह मददगार होती है।
2. पाचन तंत्र को मजबूत बनाती है: मक्के की रोटी में भरपूर मात्रा में डायटरी फाइबर होता है जो कब्ज, गैस और अपच जैसी समस्याओं से राहत देता है। सर्दियों में कम पानी पीने से पाचन धीमा हो जाता है, ऐसे में मक्का बेहद फायदेमंद है।
3. लंबे समय तक पेट भरा रखती है: मक्के की रोटी धीरे-धीरे पचती है जिससे लंबे समय तक भूख नहीं लगती। यह वजन कंट्रोल करने वालों और मेहनत करने वाले लोगों के लिए खास तौर पर फायदेमंद है।
4. इम्युनिटी को मजबूत करती है: मक्के में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स, विटामिन B और मिनरल्स सर्दियों में होने वाले सर्दी-जुकाम और इंफेक्शन से बचाव में मदद करते हैं।
5. दिल के लिए फायदेमंद: मक्के की रोटी में कोलेस्ट्रॉल नहीं होता और यह हार्ट-फ्रेंडली फूड मानी जाती है। नियमित सेवन से बैड कोलेस्ट्रॉल कम करने में मदद मिलती है।
6. सरसों के साग के साथ पोषण का पावर कॉम्बो: मक्के की रोटी और सरसों का साग साथ में खाने से आयरन, कैल्शियम और फाइबर का बेहतरीन संतुलन मिलता है, जो सर्दियों की कमजोरी को दूर करता है।
ध्यान रखें: ज्यादा मात्रा में मक्के की रोटी खाने से कुछ लोगों को भारीपन महसूस हो सकता है, इसलिए संतुलित मात्रा में और घी के सीमित उपयोग के साथ ही सेवन करें। इसके अलावा किसी भी तरह की विशेष जानकारी के लिए हेल्थ एक्सपर्ट से उचित सलाह जरूर लें।
